मशहूर ग़ज़ल - किसी पे दिल अगर आ जाए तो क्या होता है

ग़ज़ल-किसी पे दिल अगर आ जाए तो फिर क्या होता है - गुलशन बावरा


किसी पे दिल अगर आ जाए तो क्या होता है! 
वही होता है जो मंज़ूर-ए-ख़ुदा होता है!!

कोई दिल पे अगर छा जाए तो क्या होता है!
वही होता है जो मंज़ूर-ए-ख़ुदा होता है!!

मुझको जुल्फ़ों के साए में सो जाने दो सनम,
हो रहा है जो दिल मे हो जाने दो सनम,

बात दिल की दिल में रह जाए, तो फ़िर क्या होता है!
वही होता है जो मंज़ूर-ए-ख़ुदा होता है!!

क्या मंज़ूर है ख़ुदा को बताओ तो ज़रा,
जान जाओगी बाहों में आ जाओ तो ज़रा,

कोई जो बाहों में आ जाए तो फ़िर क्या होता है!
वही होता है जो मंज़ूर-ए-ख़ुदा होता है!!

ग़ज़ल - 'गुलशन बावरा'
मशहूर ग़ज़ल - किसी पे दिल अगर आ जाए तो क्या होता है मशहूर ग़ज़ल - किसी पे दिल अगर आ जाए तो क्या होता है Reviewed by Bal krishna Dwivedi on 12/05/2014 Rating: 5

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